बिलासपुर :- पावन महाशिवरात्रि के शुभ अवसर पर प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय, हेमूनगर, बिलासपुर द्वारा रेलवे परिसर, रामलीला मैदान (तोरवा थाना के बाजू में), श्री कोदंडा रामाल्यम मंदिर के पीछे भव्य आध्यात्मिक प्रदर्शनी का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के उद्घाटन हेतु पहुंची महापौर पूजा विधानी जी ने प्रदर्शनी की सराहना करते हुए कहा कि ब्रह्माकुमारीज़ द्वारा बिलासपुर की पावन धरा पर आध्यात्मिक जागृति का यह एक सराहनीय प्रयास किया गया है।
इस विशेष प्रदर्शनी में भारत के विभिन्न स्थानों पर स्थित बारह ज्योतिर्लिंगों के स्वरूपों का प्रेरणादायक प्रदर्शन किया गया है, जिससे श्रद्धालुजन एक ही स्थान पर उनके आध्यात्मिक महत्व की जानकारी प्राप्त कर दर्शन कर सकें। प्रदर्शनी के माध्यम से भगवान शिव के निराकार, ज्योतिर्मय स्वरूप, ज्योतिर्लिंगों के आध्यात्मिक रहस्य तथा उनके दिव्य संदेश को स्पष्ट किया जा रहा है।


विशेष रूप से ब्रह्माकुमारी बहनों द्वारा वर्तमान भागदौड़ भरे जीवन में सादगी, सकारात्मक सोच, आत्मचिंतन एवं श्रेष्ठ संस्कारों को अपनाने की प्रेरणा दी जा रही है। राजयोग मेडिटेशन के माध्यम से मानसिक शांति, तनावमुक्त जीवन और आत्मिक उन्नति के सरल एवं सहज अभ्यास भी कराए जा रहे हैं, जिससे व्यक्ति अपने जीवन में आध्यात्मिक संतुलन स्थापित कर सके।
यह आयोजन श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक चेतना का अद्भुत संगम बन गया है, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित होकर आध्यात्मिक ज्ञान एवं शांति का अनुभव कर रहे हैं। सम्पूर्ण वातावरण भक्तिमय संगीत, “ॐ नमः शिवाय” के गूंजते स्वर एवं सकारात्मक ऊर्जा से ओत-प्रोत है।
यह भव्य आध्यात्मिक प्रदर्शनी श्रद्धालुओं के लिए कल भी उपलब्ध रहेगी, ताकि अधिक से अधिक भाई-बहन इस दिव्य अवसर का लाभ उठा सकें।
अंत में सेवाकेंद्र प्रभारी बीके लता दीदी ने सभी श्रद्धालु भाई-बहनों को राजयोग शिविर में सपरिवार सहभागी बनने का निमंत्रण दिया तथा महाशिवरात्रि के इस पावन पर्व को आत्म-जागृति का पर्व बनाने का संदेश दिया। कार्यक्रम को प्रथम बार इस स्थान पर आयोजित किया गया, जिसे सफल बनाने में ओम प्रकाश, वेणुगोपाल, चिन्ना राव, मोहन, श्याम, रोशन, मनीष, नवीन, रमेश एवं राजेश का विशेष सहयोग रहा।